15 ब्रह्मोस मिसाइलों से पाक को बना दिया था पंगु
15 ब्रह्मोस मिसाइलों से पाक को बना दिया था पंगु, पहली बार किसी संघर्ष में ब्रह्मोस मिसाइलों का किया गया इस्तेमाल, पाकिस्तानी हमले को एस-400, आकाश से विफल कर दिया गया
15 ब्रह्मोस मिसाइलों से पाक को बना दिया था पंगु
पहली बार किसी संघर्ष में ब्रह्मोस मिसाइलों का किया गया इस्तेमाल, पाकिस्तानी हमले को एस-400, आकाश से विफल कर दिया गया पहलगाम में आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के मुरीदके और बहावलपुर जैसे स्थानों पर आतंकी शिविरों पर सटीक हमले करके जवाब दिया। पाकिस्तान ने जब भारत के नागरिक ठिकानों पर हमले की नाकाम कोशिश की, तो भारत ने जोरदार जवाबी हमला किया। ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइलों और राफेल लड़ाकू विमानों पर लगी स्कैल्प मिसाइलों ने पाकिस्तान को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाया।
रक्षा प्रतिष्ठान के सूत्रों ने बताया कि भारतीय वायु सेना ने पाकिस्तान के एयरबेस को तबाह करने लिए 15 ब्रह्मोस मिसाइलें दागीं, जिसका उद्देश्य विमान से हमले और अन्य आपरेशन करने की उसकी क्षमता को बाधित करना था। भारत ने अपने सबसे शक्तिशाली सामरिक हथियारों का प्रयोग अप्रत्याशित तरीके से किया कि दुश्मन स्तब्ध रह गया। नौ और 10 मई की दरमियानी रात को वायु सेना ने अन्य सैन्य बलों के सहयोग से पाकिस्तान के 12 में से 11 एयरबेस पर हमला किया। इस प्रक्रिया में उसने चीन की ओर से मुहैया कराई गई वायु रक्षा प्रणालियों को भी नष्ट कर दिया। पहली बार ब्रह्मोस मिसाइल का प्रयोग किसी संघर्ष में किया गया और इसने सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल की असीम क्षमता को प्रदर्शित किया।
पाकिस्तान के ठिकानों पर हवाई हमले के लिए पहले पायलट रहित डमी विमान भेजे गए। इस कदम को इस तरह अंजाम दिया गया, ताकि दुश्मन के रडार पर यह लड़ाकू विमानों की तरह दिखे। एक बार जब दुश्मन के रडार व वायु रक्षा नेटवर्क भारतीय विमान को मार गिराने के लिए सक्रिय हुए, तो भारतीय बलों ने पाकिस्तान की कमांड व नियंत्रण प्रणालियों को इजरायल निर्मित हारोप ड्रोन से निशाना बनाते हुए उड़ा दिया। पाकिस्तानी वायु सेना ने अपने एचक्यू-9 वायु रक्षा मिसाइल लांचरों
और रडारों के पूरे सेट की विभिन्न स्थानों पर तैनात कर दिया। इनमें से कुछ एयर डिफेंस मिसाइलों को नए स्थानों पर तैनात किया, पर जैसे ही इन्हें सक्रिय किया गया, भारत ने उसका पता लगा लिया। इसके बाद लंबी दूरी की ब्रह्मोस, रॅपेज, क्रिस्टल व स्कैल्प मिसाइलों से पाकिस्तानी एयर बेस पर जोरदार हमला किया। इस मिशन को मुख्य रूप से पश्चिमी और पश्चिमी-दक्षिणी वायु कमान क्षेत्र से नियंत्रित किया गया था। पाकिस्तानी वायु सेना ने जब बैलिस्टिक क्रूज मिसाइलों और मानव रहित लड़ाकू विमानों का प्रयोग करके भारत पर हवाई हमला करना चाहा, तो उसे रूसी एस-400, आकाश व अन्य वायु रक्षा प्रणालियों के जरिये विफल कर दिया गया। पाकिस्तानी वायु सेना के ठिकानों पर हमलों के परिणामस्वरूप इस्लामाबाद को अपने विमानों को पीछे के ठिकानों पर हटाने के लिए मजबूर होना पड़ा।
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