बहिष्कार नहीं, राष्ट्रहित में करें मतदान : शुक्ल
राजभवन में मंगलवार को आयोजित फलाहार वितरण कार्यक्रम में राज्यपाल शुक्ल ने लोगों से मतदान करने का अनुरोध किया।
बहिष्कार नहीं, राष्ट्रहित में करें मतदान : शुक्ल
नाराज होकर चुनाव बहिष्कार का विचार उचित व हितकारी नहीं
दुर्गा अष्टमी पर राजभवन में फलाहार वितरण कार्यक्रम आयोजित
हिमाचल के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने चुनाव का बहिष्कार करने वालों से आग्रह किया कि राष्ट्रहित में मतदान करें। किसी क्षेत्र विशेष की समस्याओं का समाधान नहीं होने पर नाराज होकर चुनाव बहिष्कार का विचार उचित और हितकारी नहीं है। बहिष्कार समाधान नहीं है। ऐसे में जिसे भी मतदान करने की इच्छा रखते हों, मतदान अवश्य करें।
दुर्गा अष्टमी पर शिमला स्थित राजभवन में मंगलवार को आयोजित फलाहार वितरण कार्यक्रम में राज्यपाल शुक्ल ने लोगों से मतदान करने का अनुरोध किया। उन्होंने युवा मतदाताओं से अनुरोध किया कि वे उत्साह के साथ मतदान करें। जो लोग मतदान करने के इच्छुक नहीं हैं, ऐसे लोगों को घरों से मतदान केंद्र लेकर जाएं। प्रथम मतदाताओं को उल्लास के साथ मतदान करना पड़ेगा।
शिमला हिमाचल के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने चुनाव का बहिष्कार करने वालों से आग्रह किया कि राष्ट्रहित में मतदान करें। किसी क्षेत्र विशेष की समस्याओं का समाधान नहीं होने पर नाराज होकर चुनाव बहिष्कार का विचार उचित और हितकारी नहीं है। बहिष्कार समाधान नहीं है। ऐसे में जिसे भी मतदान करने की इच्छा रखते हों, मतदान अवश्य करें।
दुर्गा अष्टमी पर शिमला स्थित राजभवन में मंगलवार को आयोजित फलाहार वितरण कार्यक्रम में राज्यपाल शुक्ल ने लोगों से मतदान करने का अनुरोध किया। उन्होंने युवा मतदाताओं से अनुरोध किया कि वे उत्साह के साथ मतदान करें। जो लोग मतदान करने के इच्छुक नहीं हैं, ऐसे लोगों को घरों से मतदान केंद्र लेकर जाएं। प्रथम मतदाताओं को उल्लास के साथ मतदान उन्होंने कहा कि हम सब पर्व विक्रमी संवत कैलेंडर के अनुसार पर्व मनाते आ रहे हैं।
भारत ने ही विश्व को काल गणना और शून्य जैसे अहम योगदान दिए। आचार संहिता को देखते हुए इस बार चैत्र नवरात्र संक्षिप्त रूप में मना रहे हैं। अन्यथा गोरखपुर में पिछले ढाई दशक से अपने निवास पर फलाहार वितरण कार्यक्रम को आयोजित कर रहे हैं। जब मैं विधायक या मंत्री भी रहा तो भी यह कार्यक्रम आयोजित करने का क्रम जारी रखा। उनका कहना था कि दुर्गा की उपासना केवल शक्ति के रूप में ही नहीं होनी चाहिए। दुर्गा के शाकंभरी स्वरूप ने ही तो पृथ्वी की रचना की और पालन भी करती है। इससे पहले सुबह आठ बजे राज्यपाल शुक्ल पत्नी जानकी शुक्ल के साथ कालीबाड़ी मंदिर में पूजा करने के लिए पहुंचे।
शिमला के कालीबाड़ी मंदिर में मंगलवार को देवी स्वरूपा कन्या को फलाहार वितरित करते राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल सौजन्य राजभवन