प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, ने कहा गुकेश पर देश को गर्व है, कैंडिडेट्स शतरंज टूर्नामेंट

1984 में रूस के महान गैरी कास्पारोव ने 22 साल की उम्र में कैंडिडेट्स जीता था।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, ने कहा गुकेश पर देश को गर्व है,  कैंडिडेट्स शतरंज टूर्नामेंट

 शतरंज में नया आनंद... गुकेश ने जीता कैंडिडेट्स टूर्नामेंट

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, ने कहा गुकेश पर देश को गर्व है
सबसे कम उम्र में कैंडिडेट्स शतरंज टूर्नामेंट जीतने वाले खिलाड़ी बनने वाले गुकेश पर भारत को गर्व है। टोरंटो में कैंडिडेट्स में गुकेश की उल्लेखनीय उपलब्धि उनकी असाधारण प्रतिभा और समर्पण को दर्शाती है। उनका उत्कृष्ट प्रदर्शन और शीर्ष तक का सफर लाखों लोगों को प्रेरित करता है।
 
अब विश्व चैंपियन डिंग को देंगे चुनौती मैच के दौरान शतरंज की चाल के बारे में सोचते गुकेश। साढ़े 78 लाख रुपये की मिली इनामी राशि डी. गुकेश को इस जीत से 88 हजार पांच सौ यूरो यानी लगभग साढ़े 78 लाख रुपये की इनामी राशि मिली।
Who is D Gukesh? India's youngest Grandmaster, defeated Carlsen, few steps away from world title Viswanathan
17 साल की उम्र में रचा इतिहास : विश्वनाथन के बाद ऐसा करने वाले दूसरे भारतीय भारत के 17 वर्षीय डी. गुकेश ने इतिहास रच दिया। उन्होंने 14वें दौर में अमेरिका के हिकारु नाकामुरा (8.5) से ड्रॉ खेलकर कैंडिडेट्स शतरंज टूर्नामेंट का खिताब अपने नाम कर लिया। उनके 14 दौर में सर्वाधिक नौ अंक रहे। अब वह विश्व चैंपियन चीन के डिंग लिरेन को चुनौती देंगे। विश्व चैंपियन को चुनौती देने वाले वह दुनिया के सबसे युवा शतरंज खिलाड़ी बन गए।
 
दिग्गज कास्परोव को पीछे छोड़ा : इससे पहले 1984 में रूस के महान गैरी कास्पारोव ने 22 साल की उम्र में कैंडिडेट्स जीता था। उन्होंने तब अनातोली कार्पोव को चुनौती दी थी और उन्हें हराकर सबसे युवा विश्व चैंपियन बने थे। गुकेश के पास इस वर्ष यह रिकॉर्ड तोड़ने का भी अवसर होगा। गुकेश इस वर्ष के अंत में चीन के विश्व चैंपियन डिंग लिरेन को चुनौती देंगे। अभी मुकाबले की तिथि और स्थान का चयन होना बाकी है। विश्वनाथन आनंद के बाद गुकेश कैंडिडेट्स जीतने वाले दूसरे भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। आनंद ने अंतिम बार कैंडिडेट्स टूर्नामेंट 2014 में जीता था। #भारत #शतरंज #प्रधानमंत्री #news