धर्म कर्म एवं संस्कृति की भूमि : गुजरात दिवस की शुभकामनाएं
धर्म, कर्म एवं संस्कृति की भूमि : गुजरात दिवस की शुभकामनाएं
धर्म, कर्म एवं संस्कृति की भूमि - गुजरात
पाषाण काल से लेकर सिंधु-सरस्वती घाटी की उन्नत सभ्यता का भाग रही गुजरात की भूमि वर्तमान काल में भी देश के सर्वाधिक विकसित प्रांतों में से एक है.
गुर्जर शासकों के शासन के कारण इस क्षेत्र का नाम गुर्जरत्रा पड़ा, जो कालांतर में गुजरात के नाम से स्थापित हुआ.
भगवान श्रीकृष्ण ने भी जब मथुरा की भूमि का त्याग किया, तब उन्होंने गुजरात में द्वारका नगरी बसाई जो, आज भी सनातनियों के पवित्रम तीर्थ स्थली है.
गरबा नृत्य, स्वादिष्ट व्यंजन, आकर्षक नवरात्रि, उन्नत आधारभूत संरचना, आधुनिक उद्योग-व्यापार एवं प्रसिद्ध धार्मिक एवं दर्शनीय स्थलों के लिए गुजरात विश्व प्रसिद्ध है.
गुजरात दिवस की शुभकामनाएं