फर्जी ईडी अधिकारी बनकर ठगी करने वाले आठ गिरफ्तार

फर्जी ईडी अधिकारी बनकर ठगी करने वाले आठ गिरफ्तार
अहमदाबादः कच्छ-भुज पुलिस ने ईडी का फर्जी अधिकारी बनकर व्यापारियों से ठगी करने वाले आठ आरोपितों को गिरफ्तार किया है। कच्छ के एक साप्ताहिक समाचार पत्र के संपादक का अपहरण कर रुपये की मांग करने के बाद इस मामले का पर्दाफाश हुआ। यह गिरफ्तारी कच्छ स्थानीय अपराध शाखा ने भुज, गांधीधाम, अहमदाबाद व अन्य शहरों से की है। पुलिस निरीक्षक एनएम चुडास्मा ने कहा है कि अभी आरोपितों से पूछताछ जारी है। उनसे यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि उन्होंने राज्य में कहां-कहां व्यापारियों से ठगी की है। गुजरात में इससे पहले नकली पीएमओ अधिकारी, नकली आइएएस अफसर, जज, टोल नाका व नकली सरकारी कार्यालय का भी पर्दाफाश हो चुका है। 


बिहार में वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव, शीशा क्षतिग्रस्त
भागलपुर: हावड़ा से भागलपुर आ रही वंदे भारत एक्सप्रेस पर बुधवार को असामाजिक तत्वों ने पथराव कर दिया। इससे ट्रेन का शीशा क्षतिग्रस्त हो गया। बताया जा रहा है कि पथराव रामपुरहाट और दुमका के बीच किया गया। इसकी जानकारी ट्रेन के गार्ड और चालक ने भागलपुर पहुंचने पर अधिकारियों को न्दी। उन्होंने बताया कि रामपुरहाट और दुमका के बीच अक्सर ट्रेन पर पथराव किया जाता है। हाल ही में भागलपुर और दुमका के बीच भी ट्रेन पर पथराव किया गया था। जबसे इस ट्रेन का परिचालन शुरू हुआ है, तब से अब तक चार बार इस ट्रेन पर शरारती तत्वों द्वारा पथराव की घटना को अंजाम दिया जा चुका है। तीन-चार दिन पहले ही आरपीएफ और रेलवे के अधिकारियों की टीम ने इसके लिए स्टेशनों के आसपास के गांवों में जागरूकता अभियान भी चलाया। इस दौरान ट्रेन पर पथराव करने वालों पर सख्त कार्रवाई करने की भी चेतावनी भी दी गई।

कई राज्यों में भूकंप से धरती हिली, 5.3 की तीव्रता
जगदलपुर तेलंगाना और आंध्र प्रदेश की सीमा से लगे दक्षिण बस्तर के बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा जिले में बुधवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। सुबह 7.27 बजे अचानक धरती हिलने लगी और 15 से 20 सेकेंड तक यह जारी रहा। नेशनल सेंटर आफ सीस्मोलाजी के अनुसार रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 5.3 मापी गई। मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के वरिष्ठ विज्ञानी एचपी चंद्रा ने बताया कि भूकंप का केंद्र बस्तर संभागीय मुख्यालय जगदलपुर से 199 किलोमीटर दूर तेलंगाना के मुलुगु जिले में जमीन से 40 किलोमीटर नीचे था। भूकंप से किसी प्रकार के जान-माल का नुकसान नहीं