महावीर जयंती पर प्रधानमंत्री मोदी ने भगवान महावीर को अर्पित की श्रद्धांजलि, प्राकृत भाषा को शास्त्रीय दर्जा दिए जाने का किया उल्लेख
PM Modi paid tribute to Lord Mahavira on Mahavir Jayanti , महावीर जयंती पर प्रधानमंत्री मोदी ने भगवान महावीर को अर्पित की श्रद्धांजलि, प्राकृत भाषा को शास्त्रीय दर्जा दिए जाने का किया उल्लेख
महावीर जयंती पर प्रधानमंत्री मोदी ने भगवान महावीर को अर्पित की श्रद्धांजलि, प्राकृत भाषा को शास्त्रीय दर्जा दिए जाने का किया उल्लेख
नई दिल्ली। महावीर जयंती के पावन अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भगवान महावीर को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके आदर्शों को नमन किया। उन्होंने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा कि भगवान महावीर ने सदैव अहिंसा, सत्य और करुणा पर बल दिया और उनकी शिक्षाएं आज भी विश्वभर के असंख्य लोगों को प्रेरणा देती हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “हम सभी भगवान महावीर को नमन करते हैं, जिन्होंने हमेशा अहिंसा, सत्य और करुणा पर बल दिया। उनके आदर्श दुनिया भर में अनगिनत लोगों को शक्ति देते हैं। उनकी शिक्षाओं को जैन समुदाय ने खूबसूरती से संरक्षित और लोकप्रिय बनाया है। भगवान महावीर से प्रेरित होकर, उन्होंने जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्टता हासिल की और सामाजिक कल्याण में योगदान दिया।”
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि सरकार भगवान महावीर के सपनों को साकार करने के लिए सतत कार्य कर रही है। इस दिशा में उठाए गए एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में प्रधानमंत्री ने बताया कि “पिछले वर्ष, हमने प्राकृत को शास्त्रीय भाषा का दर्जा दिया, यह ऐसा निर्णय था जिसकी बहुत सराहना हुई।”
गौरतलब है कि प्राकृत भाषा जैन ग्रंथों की प्रमुख भाषा रही है और इसे शास्त्रीय दर्जा दिए जाने का निर्णय न केवल भाषाई समृद्धि को बढ़ावा देता है, बल्कि जैन दर्शन और संस्कृति के संरक्षण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण प्रयास माना जा रहा है।
महावीर जयंती, भगवान महावीर के जन्मोत्सव के रूप में मनाई जाती है। यह दिन जैन धर्म के अनुयायियों के लिए विशेष महत्व रखता है, क्योंकि भगवान महावीर ने अहिंसा, अपरिग्रह और सत्य के सिद्धांतों के माध्यम से मानवता को एक नई दिशा दी थी।