प्रयागराज के नाजरेथ अस्पताल में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें एक मरीज की नाक से जीवित जोंक निकाली गई। सुशील नामक इस मरीज की नाक में जोंक दो हफ्ते पहले उत्तराखंड के एक वॉटरफॉल के रुके हुए पानी में नहाने के दौरान चली गई थी।
डॉक्टरों के अनुसार, जोंक उसकी नाक में छिपकर उसका खून चूस रही थी। मरीज को लगातार नाक में खुजली और खून बहने की समस्या हो रही थी। इसके बाद, उसने नाजरेथ अस्पताल में डॉक्टरों से संपर्क किया। प्रारंभिक जांच में डॉक्टरों ने कुछ अजीब देखा और पूरी जांच के बाद पाया कि उसकी नाक में जोंक है।
अस्पताल के ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. रमेश सिंह ने बताया कि यह एक दुर्लभ मामला है, लेकिन ऐसे मामले पहले भी सामने आ चुके हैं। ऑपरेशन के दौरान विशेष उपकरणों का उपयोग करके जोंक को सावधानीपूर्वक निकाला गया। यह प्रक्रिया चुनौतीपूर्ण थी क्योंकि जोंक नाक के अंदर गहरे हिस्से में छिपी हुई थी और खून चूस रही थी।
डॉ. सिंह ने बताया कि जोंक आमतौर पर गंदे पानी या नमी वाले स्थानों में पाई जाती है और शरीर के किसी भी हिस्से में प्रवेश कर सकती है। उन्होंने जनता को चेतावनी दी कि ऐसे स्थलों पर नहाते समय सावधानी बरतें।
ऑपरेशन के बाद, सुशील अब पूरी तरह से स्वस्थ है और अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। सुशील ने बताया कि यह एक भयानक अनुभव था, लेकिन अब वह राहत महसूस कर रहे हैं। उन्होंने डॉक्टरों का धन्यवाद किया जिन्होंने समय पर सही उपचार प्रदान किया। इस घटना ने सभी को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि स्वास्थ्य संबंधी किसी भी समस्या को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और समय पर चिकित्सा सलाह लेनी चाहिए।