आयुष मंत्रालय ने विश्व में योग को प्रोत्साहन देने के लिए कई पहल की हैं
21 जून को मनाए जाने वाला अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस, जो 2014 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा अपनाया गया, एक वैश्विक कार्यक्रम बन चुका है।
Bharatiyanews Dec 2, 2025 0
@Dheeraj kashyap Dec 22, 2025 0
Deepak abhay Aug 15, 2025 0
Deepak abhay Aug 15, 2025 0
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आयुष मंत्रालय ने विश्व में योग को बढ़ावा देने के लिए कई महत्वपूर्ण पहल की हैं, जो इसके प्रसार और जागरूकता को बढ़ाने में सहायक हैं। इन पहलों में प्रमुख रूप से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) का आयोजन, शैक्षिक संस्थानों में योग शिक्षा, योग प्रमाणन बोर्ड (वाईसीबी) का गठन, और डिजिटल माध्यमों का उपयोग शामिल हैं।
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई):
21 जून को मनाए जाने वाला अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस, जो 2014 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा अपनाया गया, एक वैश्विक कार्यक्रम बन चुका है। हर वर्ष इस दिन को विभिन्न दूतावासों, योग चिकित्सकों, और स्थानीय समुदायों के सहयोग से बड़े पैमाने पर मनाया जाता है। यह कार्यक्रम योग के लाभों को बढ़ावा देने और इसे दुनिया भर में प्रचलित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
शैक्षिक पहल:
आयुष मंत्रालय ने योग शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए शैक्षिक संस्थानों में पाठ्यक्रमों के माध्यम से समर्थन दिया है। साथ ही, विदेशों में आयुष पीठों की स्थापना की गई है, जो भारतीय योग और आयुर्वेद के प्रसार में मदद करती है।
योग प्रमाणन बोर्ड (वाईसीबी):
आयुष मंत्रालय द्वारा स्थापित वाईसीबी, योग पेशेवरों और संस्थाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त प्रमाणन प्रदान करता है। इस पहल से शिक्षण और अभ्यास में गुणवत्ता मानकों को सुनिश्चित किया जाता है और प्रमाणित योग पेशेवरों का एक मजबूत और विश्वसनीय वैश्विक नेटवर्क बनता है।
डिजिटल अभियान और संसाधन:
विश्व में योग के अभ्यास को बढ़ावा देने के लिए बहुभाषी योग संसाधन, ऐप्स (जैसे वाई-ब्रेक) और वीडियो का निर्माण किया गया है। इन डिजिटल उपकरणों के माध्यम से लोगों तक योग की जानकारी और अभ्यास के आसान तरीके पहुंचाए जा रहे हैं।
शैक्षणिक संस्थानों, अनुसंधान केंद्रों, कल्याण केंद्रों और अन्य संस्थानों की संख्या जहां अनुसंधान परियोजनाओं के कार्यान्वयन के माध्यम से योग पर अनुसंधान किया जा रहा है
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क्र.सं. |
परियोजना का नाम |
केन्द्रों का नाम |
परियोजनाओं की संख्या |
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1. |
योग के माध्यम से मन-शरीर हस्तक्षेप के लिए सहयोगात्मक केंद्र |
(ए) अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), रायपुर, छत्तीसगढ़ (बी) एम्स, ऋषिकेश, उत्तराखंड (सी) स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पीजीआई), चंडीगढ़ |
05
05 05 |
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2. |
सहयोगात्मक अनुसंधान केंद्र (सीआरसी) |
ए. राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य एवं स्नायु विज्ञान संस्थान (निमहांस), बैंगलोर बी. संस्कृति फाउंडेशन, मैसूर सी.कैवल्यधाम, लोनावाला
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12
12 08 |
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3. |
इंट्रा म्यूरल रिसर्च (आईएमआर) |
बी.केंद्रीय योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान परिषद (सीसीआरवाईएन) सी. सावित्री बाई फुले विश्वविद्यालय डी. स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (पीजीआई), चंडीगढ़ ई. राम मनोहर लोहिया अस्पताल सफदरजंग |
01
16
01 01
02 01 |
आयुष मंत्रालय का सक्रिय योगदान:
भारत सरकार के आयुष मंत्रालय ने दूतावासों और उच्चायोगों के माध्यम से योग जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया है। इसमें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह, कार्यशालाएं, प्रदर्शन और सांस्कृतिक गतिविधियाँ शामिल हैं।
इन पहलुओं के माध्यम से आयुष मंत्रालय ने न केवल भारत में बल्कि दुनिया भर में योग के प्रचार-प्रसार को प्रोत्साहित किया है और इसके स्वास्थ्य लाभों को जन-जन तक पहुंचाया है।
Aryan Verma Jun 14, 2025 0
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